मुझको तो सपना आया था Ek Kavita aisi bhi 22:37 साथ सहारा छूट गया, मुझसे हर कोई रूठ गया। अपने कदमों पर चलने का, कार्यक्रम तो टूट गया। देह अंग ने मन के मुताबिक, रहने से इंकार किया। ... Read More